
सुनी सड़कों पर वापस शोर गूंजेगा, थोड़ा इंतज़ार ज़रूरी है ।
हर मोहल्ले की रौनक लौटेगी , थोड़ा इंतज़ार ज़रूरी है।
बाजारों की चहल पहल फिर दिखेगी , थोड़ा इंतज़ार ज़रूरी है ।
फिर से सजेगी यारो की महफ़िल , थोड़ा इंतज़ार ज़रूरी है।
अद्भुत होगा जीत का नज़ारा , थोड़ा इंतज़ार ज़रूरी है।